चैत्र नवरात्रि 2020 घट स्थापना जानें सही तारीख Chaitra Navratri Dates 2020

चैत्र नवरात्रि कलश स्थापना विधि 2020 Chaitra Durga Puja 2020 Kalash Sthapana

चैत्र नवरात्रि 2020चैत्र नवरात्रि 2020- पंचांग के अनुसार चैत्र माह से हिंदी नववर्ष की शुरुआत और इसी माह चैत्र नवरात्रि आरम्भ होते है मान्यता है की चैत्र नवरात्रि में ही भगवान राम और मां दुर्गा का जन्म हुआ था। देवी माँ को प्रसन्न करने का यह पर्व हर वर्ष चैत्र शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से आरम्भ होता है ज्योतिष की माने तो इस बार चैत्र नवरात्री में कई दुलभ योग बनेगे जिन योगो में की गयी माँ की उपासना बहुत ही अधिक फलदायी होगी लेकिन प्रतिपदा तिथि 24 मार्च से होने के कारण कुछ लोगो में विरोधाभास की स्तिथि है तो आइये जानते है इस बार चैत्र नवरात्रो की सही तिथि, पूजा का शुभ मुहूर्त और कलश स्थापना किस दिन की जायेगी|

चैत्र नवरात्रि घट स्थापना शुभ मुहूर्त Chaitra Navratri 2020 Shubh Muhurat

  1. साल 2020 में चैत्र नवरात्रों का आरंभ 25 मार्च बुधवार से होकर 2 अप्रैल गुरुवार तक चलेगा.
  2. चैत्र नवरात्र हर साल चैत्र शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से शुरू होते हैं।
  3. प्रतिपदा तिथि आरम्भ होगी – 24 मार्च मंगलवार शाम 02:57 मिनट पर|
  4. प्रतिपदा तिथि समाप्त होगी – 25 मार्च बुधवार शाम 05:26 मिनट पर|
  5. प्रतिपदा तिथि सायंकाल से शुरू होने के बावजूद कलश व घट स्थापना का शुभ मुहूर्त 25 मार्च बुधवार को प्रातःकाल 06:19 मिनट से लेकर प्रातःकाल 07:17 मिनट तक का होगा|
  6. इस बार चैत्र नवरात्रि में किसी भी तिथि का क्षय नहीं होने के कारण व्रत पूरे नौ दिनों के होंगे|
  7. नवरात्रि पर्व के पारण का शुभ मुहूर्त 03 अप्रैल प्रात 06:28 मिनट के बाद का होगा|

चैत्र नवरात्रि घट स्थापना विधि Navratri Ghat Sthapana 2020

नवरात्रि के पहले दिन प्रतिपदा तिथि व शुभ मुहूर्त में घटस्थापना की जाती है। नौ दिनों तक चलने वाले इस पर्व का यह सबसे अहम् दिन होता है जिसे पूरे विधि-विधान से करना चाहिए. शुभ परिणामो के लिए घट स्थापना प्रतिपदा तिथि में ही करे इस दिन प्रात:काल स्नानादि के बाद स्वच्छ वस्त्र धारण कर व्रत का संकल्प ले और मिटटी की वेदी बनाकर उसमे जौ बौ ले अब इसी वेदी पर घट या कलश की स्थापना करे. अब एक नारियल में चुनरी लपेटकर इसे कलश के ऊपर स्थापित कर समस्त देवी देवताओं का पूजन करे और माता रानी को सभी पूजन सामग्री अर्पित करे घट स्थापना के बाद “दुर्गा सप्तशती” का पाठ और अखंड जोत जलाकर नौ दिनों तक माँ की आराधना करे.

चैत्र नवरात्रि का महत्व Importance of Chaitra Navratri  

सनातन धर्म में चैत्र नवरात्रि का बड़ा महत्व माना जाता है। व्यक्तियों द्वारा मनोवांछित फलों की प्राप्ति के उद्देश्य से नवरात्रि में माता के नौ रूपों की उपासना और व्रत रखा जाता है। वही दूसरी ओर नवरात्रि का पर्व नारीशक्ति का प्रतीक भी माना गया है। नवरात्रो में नवमी तिथि बेहद ही महत्वपूर्ण है। बहुत से लोग इस दिन कन्या पूजन करते है कहा जाता है की यदि कोई भी व्यक्ति सच्ची श्रद्धा के साथ देवी दुर्गा की उपासना करता है तो माता रानी उसकी सभी मनोकामनाएं पूरी करती है.

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चैत्र नवरात्रि पर बनेगे ये दुर्लभ योग 2020 Chaitra Navratri Shubh Yog 2020

नवरात्रि का पर्व देवी माँ की भक्ति और उन्हें प्रसन्न करने के लिए बेहद शुभ होता है लेकिन ज्योतिष अनुसार इनका महत्व और खासियत तब और भी अधिक बढ़ जाता है जब इस दौरान किसी ग्रह और नक्षत्रो का कोई संयोग बनता है इस बार चैत्र नवरात्र पर ऐसा ही एक दुर्लभ योग बनेगा जिसमे चार सर्वाथसिद्धि योग, एक अमृतसिद्धि योग और एक रवियोग का संयोग होगा. और साथ ही इन नवरात्रो पर बुध का प्रभाव देखने को भी मिलेगा जिस कारण इन नौ दिनों के दौरान की गयी पूजा, उपासना और किसी नए कार्य का प्रारम्भ करना सबसे अधिक शुभ होगा.