पूर्णिमा 2019 Purnima Vrat 2019 December Me Kab Hai 

पूर्णिमा पूजा विधि Purnima vrat Puja Vidhi

पूर्णिमा 2019पूर्णिमा 2019- ज्योतिष की दृस्टि से देखे तो पूर्णिमा तिथि बेहद ख़ास और विशेष लाभ प्राप्त करने वाली मानी गयी है विशेषकर मार्गशीर्ष मास की पूर्णिमा के दिन चंद्रमा अपने पूर्णत्व की स्थिति में होता है। मान्यता है की इस माह की पूर्णिमा पर आकाश से अमृत वर्षा होती है. अमरता का करक माना जाने वाला चन्द्रमा आज के दिन बहुत मजबूत स्थति में होता है ज्योतिष की दृष्टि से इस दिन चन्द्रमा और सूर्य आमने सामने होते है. आज हम आपको साल 2019 की आखिरी पूर्णिमा की तिथि पूजा का शुभ मुहूर्त और साल की आखिरी व विशेष पूर्णिमा पर किये जाने वाले उपाय के बारे में बताएँगे.

पूर्णिमा तिथि 2019 Purnima Shubh Muhurat 2019

साल 2019 साल की आखिरी पूर्णिमा 12 दिसंबर गुरुवार के दिन है इस दिन व्रत रखकर स्नान दान करने का विधान है. पूर्णिमा के दिन सूर्य और चंद्रमा ठीक आमने-सामने होते हैं। जिस कारण इसी दिन चंद्रमा का प्रभाव व्यक्ति के जीवन पर सबसे अधिक होता है। साल 2019 की आखिरी पूर्णिमा के दिन विशेष पूजा व उपाय कर भगवान को प्रसन्न किया जा सकता है.

मार्गशीर पूर्णिमा पूजा विधि Purnima Puja Vidhi

पूर्णिमा तिथि के दिन प्रातःकाल उठकर भगवान का ध्यान करते हुए व्रत का संकल्प लें और स्नान के बाद स्वच्छ वस्त्र धारण करें इसके बाद अब ॐ नमोः नारायण मंत्र का जप करते हुए श्री हरि विष्णु जी का आह्वान करें ततपश्चात श्री हरि को सभी पूजन सामग्री अर्पित करते हुए पुष्प आदि अर्पित करें। पूजा स्थल पर वेदी बनाकर हवन करे इसके बाद हवन में तेल, घी की आहुति दें। रात्रि में चंद्रोदय के बाद जल व कच्चा दूध मिलाकर चन्द्रमा को अर्घ अवश्य दे.  पूर्णिमा तिथि के अगले दिन ब्राह्मणों को भोजन कराकर उन्हें दान-दक्षिणा देकर व्रत सम्पन्न करे.

मार्गशीर्ष पूर्णिमा का महत्व Importance of Prunima

पंचांग में पूर्णिमा को विशेष तिथि के रूप में देखा जाता है। पूर्णिमा को बहुत से लोग पूर्णमासी के नाम से भी जानते है. इस दिन सूर्य और चंद्रमा समसप्तक अवस्था में होते हैं। इस दिन विशेष रूप से चन्द्रमा और भगवान शिव की पूजा की जाती है. मान्यता है की इस दिन भगवान सत्यनारायण की कथा पढ़ने और सुनने से व्यक्ति को हर तरह के सुख और मानसिक शांति की प्राप्ति होती है। इस दिन स्नान, दान का भी विशेष महत्व बताया गया है. जो भी व्यक्ति पूरे विश्वास और श्रद्धा से पर्णिमा का व्रत करता है तो उसे मोक्ष प्राप्ति होती है.

मार्गशीर पूर्णिमा के उपाय Purnima Upay

ज्योतिष विज्ञान के अनुसार मार्गशीर्ष पूर्णिमा बहुत ही खास होती है पूर्णिमा के दिन चन्द्रमा अपने पूर्ण आकार में होता है और यह दिन माँ लक्ष्मी को भी बेहद प्रिय है. शास्त्रों के अनुसार यदि पूर्णिमा के दिन चंद्रोदय के समय चन्द्रमा को कच्चे दूध में चीनी और चावल मिलाकर अर्घ्य दिया जाय तो  इस उपाय के शुभ प्रभाव से न सिर्फ आपका भाग्य चमक सकता है बल्कि इससे दाम्पत्य जीवन में मधुरता बनी रहती है साथ ही पूर्णिमा तिथि पर किये इस उपाय से जीवन में आ रही परेशानिया और आर्थिक समस्याएं धीरे धीरे समाप्त होने लगती है.