घर के टॉयलेट शौचालय के लिए वास्तु टिप्स Vastu tips for toilet

वास्तु के अनुसार शौचालय टॉयलेट बनाने के टिप्स

आमतौर पर आजकल सभी घरों में बाथरूम और टॉयलेट को एक साथ बनाया जाता है. हर घर में आजकल सभी प्रकार की सुख सुविधाएं देखने को मिलती हैं. लोग आरामदायक जीवन व्यतीत करने के लिए अनेक कार्यो को करते हैं परन्तु वास्तु के नियमों के अनुसार यदि घर बनाया जाये तो जीवन खुशहाल होने लगता है.

वास्तु की दिशाओं का हमारे जीवन में बड़ा महत्व है. अगर आपके घर में गलत दिशा में कोई निर्माण होगा, तो उससे आपके परिवार को किसी न किसी तरह की हानि होगी. वास्तु दोष उत्तपन्न होने के कारण घर में रहने वालों सदस्यों को अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. घर में अशांति होने लगती है तथा घर का माहौल तनावपूर्ण होने लगता है. वास्तु के नियमों के मतानुसार स्नानगृह में चंद्रमा का वास है तथा शौचालय में राहू का. यदि किसी घर में स्नानगृह और शौचालय एक साथ हैं तो चंद्रमा और राहू एक साथ होने से चंद्रमा को राहू से ग्रहण लग जाता है, जिससे चंद्रमा दोषपूर्ण हो जाता है. चंद्रमा के दूषित होते ही घर में वास्तु दोष होने लगता है. इसलिए कभी भी बाथरूम तथा टॉयलेट को साथ में नहीं बनाना चाहिए. इस समस्या के समाधान के लिए वास्तु के अनुसार ही भवन का निर्माण करना चाहिए.

  • घर का टॉयलेट बनाने के लिए वास्तु शास्त्र के मुताबिक सबसे अच्छा स्थान दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण दिशा को माना जाता है.
  • वास्तु शास्त्र के नियमों के अनुसार शौचालय में नल उत्तर-पूर्व दिशा या पश्चिम दिशा में ही लगाना उचित होता है.
  • वास्तु के नियमों के अनुसार टॉयलेट में बेसिन ऐसे लगाया जाना चाहिए, ताकि शौच के समय व्यक्ति का मुहं पूर्व दिशा की तरफ न हो.
  • वास्तु के अनुसार टॉयलेट में कम्मोड को इस प्रकार लगाए ताकि उसमे बैठे हुए व्यक्ति का मुंह उत्तर या दक्षिण दिशा में रहें. 
  • शौचालय में दरवाजा और खिड़कियां दक्षिण दिशा को में ना बनवाए. आप चाहे तो किसी अन्य दिशा में खिड़की तथा दरवाजा बनवा सकते हैं.
  • वास्तु के अनुसार संग्लन शौचालय या शौचालय का गटर घर के उत्तर या पश्चिम दिशा में बनाना उचित माना जाता है.
  • जब भी आप घर बनवाए तो घर के मध्य में, दक्षिण-पूर्व दिशा या उत्तर-पूर्व दिशा में शौचालय नहीं बनाना चाहिए. यह उचित नहीं माना जाता है.
  • वास्तु के अनुसार शौचलय में गीजर को अग्नि कोण में लगाना उचित माना जाता है.
  • वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में यदि सीढ़िया है तो उनके नीचे टॉयलेट नहीं बनाना चाहिए. यह वास्तु की दृष्टि से शुभ नहीं माना जाता.